छत्तीसगढ़ के युवा वैज्ञानिकों के लिए सुनहरा मौका: ट्रिपल आईटी नया रायपुर में सजेगा ’21वां युवा वैज्ञानिक सम्मेलन’

छत्तीसगढ़ के नवाचारी दिमागों और शोधकर्ताओं के लिए एक बड़ी खबर है। राज्य के प्रतिभाशाली युवाओं को उनके शोध और नवाचार के लिए एक राष्ट्रीय मंच प्रदान करने के उद्देश्य से 17 और 18 मार्च 2026 को 21वां छत्तीसगढ़ युवा वैज्ञानिक सम्मेलन (CYSC-2026) आयोजित होने जा रहा है।
इस भव्य आयोजन की मेजबानी अंतरराष्ट्रीय सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (IIIT-नया रायपुर) करेगा, जो छत्तीसगढ़ विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद के सहयोग से इस सम्मेलन को मूर्त रूप दे रहा है।
शोध को मिलेगी पहचान और 21 हजार का नकद इनाम
इस सम्मेलन का मुख्य आकर्षण केवल अकादमिक चर्चाएँ ही नहीं, बल्कि युवाओं के लिए मिलने वाला प्रोत्साहन भी है। प्रत्येक विषय-धारा (Subject Category) में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले चयनित युवा वैज्ञानिक को 21,000 रुपये की नकद पुरस्कार राशि दी जाएगी।
इतना ही नहीं, विजेताओं को भारत की प्रतिष्ठित राष्ट्रीय प्रयोगशालाओं, शोध संस्थानों या मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालयों में दो महीने तक उन्नत शोध कार्य (Advanced Research) करने का दुर्लभ अवसर भी प्राप्त होगा। यह कदम राज्य के युवाओं को वैश्विक स्तर की वैज्ञानिक सोच से जोड़ने की एक महत्वपूर्ण कड़ी है।
किन विषयों पर कर सकते हैं शोध?
सम्मेलन में विविधता का विशेष ध्यान रखा गया है। कुल 20 विषय धाराओं को इसमें शामिल किया गया है, जिनमें प्रमुख हैं:
- कृषि विज्ञान और जैव प्रौद्योगिकी
- कंप्यूटर विज्ञान, इलेक्ट्रॉनिक्स और आईटी
- पर्यावरण विज्ञान, वानिकी और गृह विज्ञान
- गणितीय एवं सांख्यिकीय विज्ञान (वैदिक गणित सहित)
- चिकित्सा, औषधि और पशु चिकित्सा विज्ञान
- छत्तीसगढ़ की स्वदेशी विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी (Indigenous Science & Tech)
- मैकेनिकल, सिविल, माइनिंग और केमिकल इंजीनियरिंग
पंजीयन की महत्वपूर्ण जानकारी: 15 फरवरी है ‘डेडलाइन’
अगर आप एक शोधकर्ता हैं और अपने काम को दुनिया के सामने लाना चाहते हैं, तो समय कम है। - अंतिम तिथि: पंजीकरण और शोध पत्र (Research Paper) जमा करने की आखिरी तारीख 15 फरवरी 2026 है।
- शर्तें: प्रस्तुत शोध पत्र पूरी तरह मौलिक होना चाहिए और छत्तीसगढ़ में ही किया गया हो।
- पारदर्शिता: सभी शोध पत्रों की ‘प्लेजरिज्म’ (साहित्यिक चोरी) जांच अनिवार्य रूप से की जाएगी ताकि शोध की गुणवत्ता और मौलिकता बनी रहे।
विशेषज्ञों का नजरिया
छत्तीसगढ़ विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी परिषद के महानिदेशक डॉ. कवीश्वर प्रशांत के अनुसार, यह सम्मेलन राज्य की एक प्रमुख पहल है जो छिपी हुई वैज्ञानिक प्रतिभाओं को पहचान कर उन्हें प्रेरित करती है। वहीं, ट्रिपल आईटी नया रायपुर के कुलपति प्रो. ओम प्रकाश व्यास का कहना है कि यह आयोजन संस्थान की शोध-केंद्रित सोच को दर्शाता है और युवाओं को विशेषज्ञों से सीधे संवाद का मौका देता है।
यह सम्मेलन केवल एक प्रतियोगिता नहीं, बल्कि छत्तीसगढ़ को ‘साइंस हब’ बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। यदि आपमें भी कुछ नया खोजने का जज्बा है, तो इस मंच का लाभ उठाएं और अपने शोध से राज्य व देश को गौरवान्वित करें। अधिक जानकारी और ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन के लिए आप आधिकारिक वेबसाइट पर विज़िट कर सकते हैं।



