
युवाओं के आसमान में उड़ान भरने के सपने अब तेज़ी से हकीकत बन रहे हैं। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के विशेष प्रयासों के कारण, जशपुर जिले के पी.एम. श्री जवाहर नवोदय विद्यालय को थर्ड सीजी एनसीसी एयर स्क्वाड्रन की ऐतिहासिक स्वीकृति मिली है। यह पहल छत्तीसगढ़ के युवाओं को एयरोस्पेस और रक्षा क्षेत्रों में करियर बनाने का सुनहरा अवसर दे रही है।
🌟 जगदलपुर में उन्नत प्रशिक्षण: भविष्य के पायलट हो रहे तैयार
एनसीसी कैडेट्स अब अपने प्रशिक्षण के अगले चरण के लिए जगदलपुर में हैं, जहां वे उन्नत उड़ान कौशल सीख रहे हैं।
- प्रशिक्षणार्थी कैडेट्स: आकाश बंजारे, आर्यन निकुंज, अथर्व भगत, अंश कुमार भगत, और उत्कर्ष।
- प्रशिक्षक/कोच: कमलेश विश्वकर्मा।
- प्रशिक्षण विमान: सिंगल इंजन ट्वीन सीटर वायरस एसडब्ल्यू 80 माइक्रोलाइट विमान।
इस माइक्रोलाइट विमान में प्रशिक्षण कैडेट्स के लिए हवाई प्रशिक्षण का पहला अवसर है। यह सीमित समय और नियंत्रित वातावरण में उनके निर्णय लेने के कौशल को विकसित करने का महत्वपूर्ण साधन भी है।
📍 प्रशिक्षण का विस्तार: प्रदेश में पहली बार रायपुर के बाहर बेस
यह प्रशिक्षण कार्यक्रम चरणबद्ध तरीके से पूरे राज्य में विस्तारित किया जा रहा है: - प्रथम चरण: जशपुर (सफलतापूर्वक आयोजित)।
- द्वितीय चरण: जगदलपुर (वर्तमान में जारी)।
- आगामी चरण: अंबिकापुर, बिलासपुर, और दुर्ग-भिलाई में प्रस्तावित।
यह पूरा आयोजन रायपुर ग्रुप और मध्यप्रदेश एवं छत्तीसगढ़ एनसीसी निदेशालय के संयुक्त तत्वावधान में संचालित हो रहा है, जिसमें सेना, भारतीय वायुसेना, जिला प्रशासन और पुलिस विभाग का भी सहयोग मिल रहा है।
🤝 मुख्यमंत्री की पहल बनी प्रेरणा
मुख्यमंत्री श्री साय ने एनसीसी दिवस समारोह के दौरान इच्छा व्यक्त की थी कि एयर एनसीसी और उड़ान प्रशिक्षण की सुविधा को रायपुर के अलावा अन्य स्थानों पर भी उपलब्ध कराया जाए, जहां हवाई पट्टियां मौजूद हैं। - इस पहल का सकारात्मक परिणाम यह रहा कि मार्च माह में जशपुर आगडीह हवाई पट्टी को 3 सीजी एयर एनसीसी स्क्वाड्रन के लिए स्वीकृति मिली।
- मुख्यमंत्री ने हाल ही में एयर एनसीसी के लिए चयनित 25 मेधावी विद्यार्थियों (13 बालिकाएं और 12 बालक) को बैच लगाकर पंजीकरण की शुरुआत की थी।
इस पहल से लगभग 100 कैडेट्स को उड़ान का वास्तविक अनुभव प्राप्त हुआ है।

“कैडेट्स को एनसीसी के मूलमंत्र एकता और अनुशासन को आत्मसात करते हुए राज्य के विकास और राष्ट्र निर्माण की मुख्यधारा से जुड़ने का संदेश दिया जा रहा है।”
यह प्रशिक्षण न केवल युवाओं को रक्षा सेवाओं के लिए तैयार कर रहा है, बल्कि उन्हें आत्मविश्वास और नेतृत्व कौशल से भरकर राष्ट्र निर्माण की दिशा में एक मजबूत कदम है।




