
प्रशासन का कड़ा संदेश: अगले 3 महीने तक इन 5 जिलों की सीमा में नहीं घुस पाएंगे ये बदमाश:- छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में अपराध पर लगाम लगाने के लिए प्रशासन ने बेहद कड़ा कदम उठाया है। रायपुर कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी श्री गौरव सिंह ने पुलिस उप महानिरीक्षक एवं वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह की अनुशंसा पर जिले के 6 आदतन अपराधियों को ‘जिला बदर’ करने का आदेश जारी किया है।
यह कार्रवाई छत्तीसगढ़ राज्य सुरक्षा अधिनियम 1990 की धारा 5(ख) के तहत की गई है। कलेक्टर के आदेश के अनुसार, इन सभी अपराधियों को आदेश की तारीख से 7 दिन के भीतर रायपुर, दुर्ग, धमतरी, महासमुंद और बलौदाबाजार की राजस्व सीमाओं से बाहर जाना होगा। वे अगले तीन माह (09.02.2026 तक) तक सक्षम न्यायालय की अनुमति के बिना इन सीमाओं में प्रवेश नहीं कर पाएंगे।
पुलिस ने बताया कि एक सप्ताह पूर्व भी एक बदमाश पर ऐसी कार्रवाई की गई थी, और कई अन्य कुख्यात अपराधियों के विरूद्ध भी कार्यवाही प्रक्रिया में है।
कौन हैं वे 6 अपराधी जिन पर गिरी गाज?
- लल्ला उर्फ टुमन सोनवानी (नवापारा): यह बदमाश हत्या, मारपीट, गुण्डागर्दी, अवैध शराब/गांजा बिक्री और जुआ-सट्टा खिलाने जैसे संगीन अपराधों में लिप्त रहा है।
- संदीप जगने (न्यू राजेन्द्र नगर): इसके खिलाफ हत्या का प्रयास, मारपीट, चोरी और आबकारी एक्ट के कई मामले दर्ज हैं।
- पितेश्वर साहू (चंगोराभाठा): इस पर अवैध शराब बिक्री, नशीले दवाई की बिक्री, लूट और मारपीट जैसे गंभीर आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं।
- गिरधारी पटेल (आरंग): यह अपराधी गाली-गलौज, मारपीट, चाकू दिखाकर डराना-धमकाना और जान से मारने की धमकी देने जैसे कई मामलों में आरोपी है।
- नान्हू ताण्डी उर्फ अन्ना ताण्डी (कोटा): यह सबसे कुख्यात अपराधियों में से एक है। इसके खिलाफ हत्या, हत्या का प्रयास, चाकूबाजी, लूट, चोरी, सेंधमारी, छेड़छाड़, अवैध शराब बिक्री और अवैध रूप से हथियार रखने जैसे कई संगीन मामले दर्ज हैं।
- खीरधर ताण्डी (सड्डू): इस बदमाश के विरूद्ध मारपीट, चाकूबाजी, अवैध शराब बिक्री/परिवहन और अवैध रूप से हथियार रखने संबंधी आपराधिक प्रकरण दर्ज हैं।
जिला प्रशासन और पुलिस का यह संयुक्त एक्शन साफ संदेश देता है कि रायपुर में अब गुंडागर्दी और आपराधिक गतिविधियों के लिए कोई जगह नहीं है।


