छत्तीसगढ़ के सराफा कारोबारियों, कारीगरों और इस व्यवसाय से जुड़े लोगों के लिए एक बड़ी और महत्वपूर्ण खबर है। छत्तीसगढ़ सराफा एसोसिएशन आगामी 28 जून 2026, रविवार को न्यायधानी बिलासपुर में एक ऐतिहासिक “सराफा महा सम्मेलन 2026” का आयोजन करने जा रहा है. इस बार एसोसिएशन के वर्तमान कार्यकाल की यह तीसरी आमसभा है, जिसे “2 साल बेमिसाल • तीसरा साल बनेगा नई मिसाल” के बड़े संकल्प के साथ आयोजित किया जा रहा है.
एसोसिएशन के प्रदेश अध्यक्ष श्री कमल सोनी ने बताया कि छत्तीसगढ़ के इतिहास में पहली बार इतने बड़े पैमाने पर सराफा समाज एकजुट हो रहा है, जिसमें पूरे प्रदेश से लगभग 5,000 सराफा व्यापारियों और कारीगरों के शामिल होने की उम्मीद है.
जन-संवाद अभियान: 5 संभाग, 33 जिले और 251 तहसीलें होंगी कवर
महा सम्मेलन को जमीनी स्तर पर मजबूत बनाने के लिए 11 जून से 27 जून 2026 तक पूरे प्रदेश में “सराफा जन-संवाद अभियान” चलाया जा रहा है. ‘आपकी राय • हमारा संकल्प’ के नारे के साथ शुरू हुआ यह अभियान छत्तीसगढ़ के 5 संभागों, 33 जिलों और 251 तहसीलों तक पहुंचेगा. इसका मुख्य उद्देश्य हर छोटे-बड़े सराफा व्यापारी और कारीगर की समस्याओं, सुझावों और उनकी राय को इकट्ठा करना है, ताकि महा सम्मेलन में उन पर ठोस निर्णय लिया जा सके.
दिग्गजों का लगेगा मेला: उप-मुख्यमंत्री और केंद्रीय मंत्री होंगे शामिल
बिलासपुर में होने वाले इस महा सम्मेलन में शासन-प्रशासन के कई बड़े चेहरे और सराफा समाज के मार्गदर्शक शिरकत करेंगे. कार्यक्रम में मुख्य अतिथि और विशिष्ट अतिथियों के रूप में शामिल होने वाले प्रमुख नाम इस प्रकार हैं:
- श्री अरुण साव (माननीय उप-मुख्यमंत्री, छत्तीसगढ़)
- श्री तोखन साहू (माननीय केंद्रीय राज्य मंत्री)
- श्री विजय शर्मा (माननीय गृह मंत्री एवं उप-मुख्यमंत्री, छत्तीसगढ़)
- श्री राजेश वर्मा (सांसद, खगड़िया-भागलपुर लोकसभा) – विशेष अतिथि के रूप में शामिल होंगे, जिन्होंने बिहार में सराफा व्यवसायियों के हित में और कानून के सरलीकरण (धारा 411 BNS) में बेहद महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है.
- इनके साथ ही क्षेत्र के सभी माननीय विधायक, छत्तीसगढ़ चेंबर ऑफ कॉमर्स के अध्यक्ष श्री अमर परवानी, सीएमडीसी के अध्यक्ष श्री सौरभ सिंह और सराफा समाज के आधार स्तंभ श्री शिवराज भंसाली व श्री प्रकाश गोलछा भी मंच की शोभा बढ़ाएंगे.
इन बड़े मुद्दों पर सरकार से होगी सीधी बात
यह सम्मेलन सिर्फ एक बैठक नहीं, बल्कि सराफा समाज की तरक्की का रोडमैप तैयार करने का मंच बनेगा. अध्यक्ष श्री कमल सोनी के अनुसार, सम्मेलन में मुख्य रूप से इन विषयों पर चर्चा होगी:
- स्वर्ण कला बोर्ड का गठन: स्थानीय कारीगरों और मध्यमवर्गीय सराफा परिवारों को आगे बढ़ाने के लिए इसकी मांग मजबूती से रखी जाएगी.
- सुरक्षा और कानून व्यवस्था: पिछले दो सालों में सराफा दुकानों में हुई चोरियों और डकैती के मामलों को सुलझाने (लगभग 99% रिकवरी) के लिए गृह मंत्री जी का आभार जताया जाएगा और आगे की सुरक्षा पर चर्चा होगी.
- जेम्स एंड ज्वेलरी पार्क: छत्तीसगढ़ सराफा को मिली इस बड़ी सौगात के लिए शासन को धन्यवाद दिया जाएगा.
- हॉलमार्किंग और HUID पर खुला मंच: कार्यक्रम के दूसरे सत्र में पुलिस विभाग के अधिकारियों की मौजूदगी में सुरक्षा गाइडलाइंस और BIS (भारतीय मानक ब्यूरो) के स्लॉट में हॉलमार्किंग व HUID से जुड़े नियमों पर व्यापारियों की शंकाओं का समाधान किया जाएगा.
आयोजकों की अपील: बिलासपुर चलो…
इस भव्य आयोजन की मेजबानी जिला बिलासपुर सराफा एसोसिएशन और उसकी समस्त इकाइयां कर रही हैं. बिलासपुर सराफा एसोसिएशन के अध्यक्ष कल्याण सिंह, सचिव दीपक सोनी, कोषाध्यक्ष आलोक सोनी और कार्यकारी अध्यक्ष श्रीकांत पाण्डेय सहित प्रदेश पदाधिकारियों ने सभी सराफा भाइयों से अपील की है कि वे 28 जून को बिलासपुर पहुंचकर अपनी उपस्थिति दर्ज कराएं और इस महा सम्मेलन को ऐतिहासिक बनाएं. सराफा एसोसिएशन का मानना है कि 28 जून का यह दिन छत्तीसगढ़ के सराफा कारोबार में एक नए बदलाव की शुरुआत करेगा.





