बिलासपुर। छत्तीसगढ़ में नशे के सौदागरों के खिलाफ बिलासपुर पुलिस ने एक बार फिर सर्जिकल स्ट्राइक की है। रतनपुर पुलिस और एसीसीयू (ACCU) की संयुक्त टीम ने घेराबंदी कर भारी मात्रा में अवैध मादक पदार्थ गांजा जब्त करने में सफलता हासिल की है। इस कार्रवाई में पुलिस ने एक अंतरराज्यीय तस्कर को गिरफ्तार किया है, जो लग्जरी कार के जरिए करोड़ों की खेप खपाने की फिराक में था।
हाईवे पर फिल्मी अंदाज में घेराबंदी
पुलिस को सटीक सूचना मिली थी कि एक सफेद रंग की मारुति अर्टिगा कार (क्रमांक CG 04QD 7255) में कटघोरा की ओर से मरवाही होते हुए मध्य प्रदेश के लिए गांजे की बड़ी खेप ले जाई जा रही है। सूचना मिलते ही वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री रजनेश सिंह (भा.पु.से.) के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (ग्रामीण) श्रीमती मधुलिका सिंह व एसडीओपी कोटा श्रीमती नूपुर उपाध्याय के मार्गदर्शन में विशेष टीम गठित की गई।
पुलिस टीम ने नेशनल हाईवे पर नवापारा चौक (भेडी मुंडा) के पास जाल बिछाया। जैसे ही संदिग्ध कार वहां पहुंची, टीम ने उसे रुकवाकर तलाशी ली। कार के अंदर का नजारा देखकर पुलिस भी दंग रह गई। गाड़ी में भारी मात्रा में गांजा छिपाकर रखा गया था।
करोड़ों का माल और आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने मौके से 245 किलोग्राम गांजा बरामद किया, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत 1 करोड़ 22 लाख रुपये आंकी गई है। पुलिस ने गांजा और तस्करी में इस्तेमाल की जा रही अर्टिगा कार (कीमत लगभग 8 लाख रुपये) सहित कुल 1,30,50,000 (1.30 करोड़) रुपये का मशरुका जब्त किया है।
पकड़े गए आरोपी की पहचान अमित कुमार केवट (33 वर्ष), निवासी भुतहीटोला, थाना बुढार, जिला शहडोल (मध्य प्रदेश) के रूप में हुई है। आरोपी के खिलाफ थाना रतनपुर में नारकोटिक्स एक्ट (NDPS Act) के तहत कड़ी कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

इन अधिकारियों की रही मुख्य भूमिका
इस सफल ऑपरेशन में रतनपुर थाना प्रभारी और प्रशिक्षु आईपीएस अंशिका जैन, निरीक्षक अनिल अग्रवाल, एसीसीयू प्रभारी निरीक्षक गोपाल सतपथी, उपनिरीक्षक विष्णु यादव, उपनिरीक्षक कमलेश बंजारे, प्रधान आरक्षक सैय्यद अकबर अली और अन्य पुलिस स्टाफ का विशेष योगदान रहा।
बिलासपुर पुलिस की इस मुस्तैदी ने नशा माफियाओं की कमर तोड़ दी है। पुलिस अब इस बात की तफ्तीश कर रही है कि नशे की यह इतनी बड़ी खेप कहां से लाई गई थी और इसके पीछे कौन-कौन से बड़े गिरोह शामिल हैं।



