
राजधानी रायपुर के थाना खमतराई क्षेत्र में वर्ष 2023 में हुए चर्चित अजय कुमार कुर्रे हत्याकांड में अदालत का बड़ा फैसला आया है। माननीय सत्र/विशेष न्यायाधीश (ST/SC एक्ट) बलराम प्रसाद वर्मा की अदालत ने मामले की सुनवाई करते हुए चारों आरोपियों को दोषी ठहराया है और उन्हें आजीवन कारावास व अर्थदंड की सजा सुनाई है।
क्या था पूरा मामला?
घटना 3 दिसंबर 2023 की है। गोंदवारा गेट, रिंग रोड नंबर-02 स्थित साहू होटल के पास मामूली बात को लेकर विवाद शुरू हुआ था। इस दौरान चार युवकों ने एक राय होकर अजय कुमार कुर्रे पर धारदार हथियार से ताबड़तोड़ जानलेवा हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल अजय की इलाज के दौरान मौत हो गई थी।घटना के बाद खमतराई पुलिस ने अपराध क्रमांक 969/2023 के तहत बीएनएस/भादवि की धारा 294, 302, 34, आर्म्स एक्ट (25/27) और एसटी/एससी एक्ट के तहत मामला दर्ज किया।
इन्हें मिली सजा:
न्यायालय (प्रकरण क्रमांक 10/2024) ने साक्ष्यों और गवाहों के आधार पर निम्नलिखित चारों आरोपियों को उम्रकैद की सजा सुनाई:
- सोनू साहू (25 वर्ष) – निवासी: ज्योति किराना स्टोर्स के पास, गोंदवारा
- प्रवीन गिरी उर्फ राज (22 वर्ष) – निवासी: अवध पारा, सोनडोंगरी (थाना कबीर नगर)
- अर्जुन नंदा (18 वर्ष) – निवासी: बाजार चौक, सरोरा (थाना उरला)
- सिद्धार्थ उर्फ सिद्धू गिरी गोस्वामी (24 वर्ष) – निवासी: अवध पारा, सोनडोंगरी (थाना कबीर नगर)
पुलिस की मजबूत विवेचना बनी सजा का आधार
मामले में तत्कालिन थाना प्रभारी निरीक्षक बी.एल. चन्द्राकर और उप निरीक्षक प्रमोद कतलम की अगुवाई में खमतराई पुलिस टीम ने तत्परता दिखाते हुए सभी आरोपियों को तुरंत गिरफ्तार किया था। पुलिस ने वैज्ञानिक और ठोस साक्ष्य जुटाकर अदालत में एक मजबूत चार्जशीट पेश की। मजबूत पैरवी और अचूक साक्ष्यों के बल पर ही आरोपियों को उनके किए की कड़ी सजा दिलाई जा सकी।
आम जनता के लिए संदेश: कानून से बचना नामुमकिन
यह फैसला समाज के उन तत्वों के लिए एक कड़ा संदेश है जो मामूली विवादों में हिंसा का सहारा लेते हैं। गुस्सा और हथियार उठाकर कानून हाथ में लेने का अंत केवल जेल की सलाखों के पीछे ही होता है। रायपुर पुलिस की सतर्कता और अदालत के इस सख्त फैसले से यह साफ है कि अपराध कितना भी बड़ा हो, कानून के हाथ से कोई नहीं बच सकता।




