
छत्तीसगढ़ के संगठित क्षेत्र में काम करने वाले श्रमिक परिवारों के लिए एक बेहद खुशखबरी वाली खबर है। अगर आपका बच्चा डॉक्टर बनने का सपना देख रहा है, तो भारत सरकार का श्रम एवं रोजगार मंत्रालय इस सपने को सच करने का एक बड़ा अवसर दे रहा है।
कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ESIC) ने देश के अपने 20 प्रतिष्ठित मेडिकल कॉलेजों में बीमित श्रमिकों के बच्चों के लिए 700 MBBS और BDS सीटें आरक्षित की हैं। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि ऑनलाइन आवेदन करने की आखिरी तारीख को बढ़ा दिया गया है। पहले इसकी अंतिम तिथि 31 मई थी, जिसे अब बढ़ाकर 21 जून 2026 कर दिया गया है।
कैसे मिलेगा प्रवेश?
श्रम विभाग (श्रमायुक्त कार्यालय) से मिली आधिकारिक जानकारी के अनुसार, इन 700 आरक्षित सीटों पर छात्रों का चयन नीट यूजी (NEET UG) परीक्षा की मेरिट के आधार पर किया जाएगा। जो भी छात्र इस पात्रता के दायरे में आते हैं, वे बिना समय गंवाए ESIC की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
योजना का मुख्य उद्देश्य: आर्थिक तंगी नहीं बनेगी बाधा
अक्सर देखा जाता है कि आर्थिक तंगी के कारण होनहार बच्चे चाहकर भी मेडिकल की पढ़ाई नहीं कर पाते। श्रम विभाग के अधिकारियों का कहना है कि इस विशेष आरक्षण नीति का असली मकसद यही है कि श्रमिक परिवारों के प्रतिभावान बच्चों को देश के बेहतरीन कॉलेजों में पढ़ने का मौका मिले। इससे सामान्य या कमजोर पृष्ठभूमि से आने वाले छात्र भी बिना किसी वित्तीय बाधा के डॉक्टर बनने का अपना सपना पूरा कर सकेंगे।
एक नज़र में ज़रूरी बातें (Bullet Points)
- कुल आरक्षित सीटें: देशभर के 20 ESIC मेडिकल कॉलेजों में 700 सीटें।
- कोर्स: MBBS और BDS (मेडिकल शिक्षा)।
- चयन का आधार: नीट यूजी (NEET UG) की मेरिट लिस्ट।
- आवेदन की नई अंतिम तिथि: 21 जून 2026 तक।
- कहां करें आवेदन: कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ESIC) की ऑफिशियल वेबसाइट पर।
सहायता के लिए यहां संपर्क करें (टोल फ्री नंबर)
यदि आपको आवेदन करने में कोई समस्या आ रही है या आप इस योजना के बारे में विस्तार से जानना चाहते हैं, तो आप नीचे दिए गए माध्यमों से मदद ले सकते हैं:
- टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर: 1800-11-2526 पर कॉल करें।
- ऑफलाइन सहायता: अपने नजदीकी ESIC शाखा या राज्य स्तरीय क्षेत्रीय कार्यालय में जाकर भी मार्गदर्शन ले सकते हैं।
श्रम विभाग की अपील: ज्यादा से ज्यादा फैलाएं जागरूकता
श्रमायुक्त कार्यालय ने प्रदेश के सभी श्रमिक भाइयों और बहनों से विशेष अपील की है कि वे इस खबर को नजरअंदाज न करें। समय रहते इस महत्वाकांक्षी योजना की जानकारी अपने योग्य और इच्छुक बच्चों तक पहुंचाएं और अंतिम तारीख (21 जून) से पहले आवेदन जरूर करवाएं, ताकि कोई भी होनहार बच्चा इस सुनहरे मौके से न चूके।



