
कमिश्नरेट व्यवस्था लागू होने के बाद शासन को स्पष्ट निर्देशों की अवहेलना किसी भी सूरत में स्वीकार्य नहीं है। बार, क्लब एवं पब संचालकों को स्पष्ट रूप से निर्देशित किया गया है कि रात्रि 12:00 बजे के बाद किसी भी संस्थान का संचालन पूर्णतः प्रतिबंधित है। इसके बावजूद कुछ संचालक नियमों को हल्के में लेते हुए बार-बार उल्लंघन कर रहे हैं।
इसी क्रम में थाना तेलीबांधा पुलिस द्वारा की जा रही सघन रात्रि चेकिंग के दौरान दिनांक 15/02/2026 को वीआईपी रोड स्थित क्लब मिथ्या को एक बार फिर रात्रि लगभग 12:50 बजे तक संचालित होना पाया गया। यह न केवल आदेशों की अवहेलना है, बल्कि पुलिस चेतावनियों को खुली चुनौती भी है।
गंभीर उल्लंघन को देखते हुए क्लब के मैनेजर फैकी महु (पिता: पीयूष महु), उम्र 29 वर्ष, निवासी: जी-14 विशाल नगर, तेलीबांधा, रायपुर को प्रतिबंधात्मक धाराएँ 170/125, 135 एवं 3(1) बीएनएसएस के अंतर्गत तत्काल गिरफ्तार कर इस्तगाशा तैयार करते हुए माननीय एसडीएम न्यायालय, रायपुर में प्रस्तुत किया गया।

सबसे अहम बिंदु:
उल्लेखनीय है कि यह पहली बार नहीं है। दिनांक 01/02/2026 को भी क्लब मिथ्या को निर्धारित समय से अधिक संचालन करते हुए पाया गया था, जिस पर गुमाश्ता लाइसेंस निरस्तीकरण का प्रतिवेदन वरिष्ठ कार्यालय को भेजा जा चुका है। इसके बावजूद संस्था द्वारा पुनः वही उल्लंघन किया जाना यह प्रश्न खड़ा करता है कि लगातार प्रतिवेदन भेजे जाने के बाद भी अब तक लाइसेंस निरस्त क्यों नहीं किया गया?
नियमों की अवहेलना की पुनरावृत्ति और लापरवाही को देखते हुए एक बार फिर लाइसेंस निरस्तीकरण हेतु सख्त अनुशंसा के साथ प्रतिवेदन वरिष्ठ कार्यालय को प्रेषित करना तेलीबांधा पुलिस द्वारा बताया गया है।
स्पष्ट संदेश / चेतावनी:
पुलिस प्रशासन यह स्पष्ट करता है कि बार-बार नियम तोड़ने वाले संस्थानों को संरक्षण नहीं मिलेगा। यदि निर्धारित प्रक्रिया के बावजूद भी लाइसेंस निरस्तीकरण में देरी होती है, तो संबंधित प्रकरण को और अधिक कठोर स्तर पर उठाया जाएगा।
👉 भविष्य में समय सीमा का उल्लंघन करने वाले किसी भी संस्थान के विरुद्ध कठोरतम वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। किसी भी स्तर पर ढिलाई नहीं बरती जाएगी।
— पुलिस प्रशासन




